चंडीगढ़: नगर निगम की बैठक आज, मीट-फिश से पार्किंग तक नियम बदलेंगे

चंडीगढ़ नगर निगम की बैठक आज: मीट-फिश से पार्किंग तक बदलेंगे नियम, हाउस में बड़े फैसले संभव
हिंदी टीवी न्यूज,चंडीगढ़। Published by: Megha Jain Updated Tue, 22 Sep 2026
हाउस में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट बाईलॉज-2026 की प्रस्तावित अधिसूचना पर चर्चा होगी। निगम ने 31 जुलाई को ड्राफ्ट बाईलॉज मंजूर किया था। जनता से सुझाव मांगे गए थे, जिनमें दो लोगों के सुझाव प्रस्तावित अधिसूचना में शामिल किए गए हैं।
चंडीगढ़ नगर निगम हाउस की आज होने वाली बैठक में मीट-फिश बिक्री, पार्किंग, वेंडिंग और कचरा प्रबंधन से जुड़े नियमों पर अहम फैसले होंगे।
प्रस्तावित मीट, फिश और पोल्ट्री बाईलॉज के तहत सड़क किनारे मीट-फिश बेचने और खुले में या दुकान के भीतर स्लॉटरिंग पर रोक होगी। निगम की मुहर के बिना बिक्री करने पर लाइसेंस रद्द करने के साथ जुर्माना लगेगा। खोखे में बिक्री का लाइसेंस नहीं मिलेगा। दुकान कम से कम 8×8 फुट की होनी चाहिए और उसमें टाइल व पानी की निकासी की व्यवस्था जरूरी होगी। दुकानदार को रजिस्टर में पूरा रिकॉर्ड रखना होगा।
21 पार्किंग फिर ठेके पर, रिजर्व प्राइस तीन करोड़
सेक्टर-17 की 20 पार्किंग और एक मल्टीलेवल पार्किंग ठेके पर देने के लिए तीन करोड़ रुपये रिजर्व प्राइस रखा गया है। निगम को अभी 18 पार्किंग से सालाना 2.44 करोड़ रुपये मिल रहे हैं। स्मार्ट पार्किंग होने पर दोपहिया के लिए 10 और चार पहिया के लिए 20 रुपये शुल्क होगा। स्मार्ट पार्किंग नहीं होने पर दोपहिया सात और कार 15 रुपये शुल्क प्रस्तावित है। कई पार्षद ठेकेदारी व्यवस्था का विरोध कर रहे हैं। इससे पहले दो ठेकेदार छह करोड़ और 7.50 करोड़ रुपये की लाइसेंस फीस दिए बिना चले गए थे। एक ठेकेदार की बैंक गारंटी फर्जी मिली थी, जिसका मामला सीबीआई में चल रहा है।
सॉलिड वेस्ट बाईलॉज अधिसूचना पर मांगे थे सुझाव
हाउस में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट बाईलॉज-2026 की प्रस्तावित अधिसूचना पर चर्चा होगी। निगम ने 31 जुलाई को ड्राफ्ट बाईलॉज मंजूर किया था। जनता से सुझाव मांगे गए थे, जिनमें दो लोगों के सुझाव प्रस्तावित अधिसूचना में शामिल किए गए हैं। हाउस की मंजूरी के बाद इसे सेक्रेटरी, लोकल गवर्नमेंट को भेजा जाएगा। अधिसूचना जारी होने पर नए बाईलॉज लागू होंगे।
वेंडिंग जोन पर गाबी उठाएंगे सवाल
विपक्ष के नेता और कांग्रेस पार्षद गुरप्रीत सिंह गाबी सेक्टर-45 और सेक्टर-53 के वेंडिंग जोन का मुद्दा उठाएंगे। उनका कहना है कि सेक्टर-45 में केवल 15 वेंडर पंजीकृत हैं, जबकि 45 से ज्यादा वेंडर बैठाए गए हैं। सेक्टर-53 का वेंडिंग जोन जंगल के पास होने से ग्राहक नहीं पहुंचते और कई वेंडर कुछ दिन बाद लौट गए। गाबी ने वहां नशेड़ियों की आवाजाही का भी मुद्दा उठाया है।
करोड़ों के ये काम भी एजेंडे में
320 टॉयलेट ब्लॉक, 122 कनेक्टिंग पैसेज और 62 डॉकिंग स्टेशन की विज्ञापन लाइसेंस फीस से 82.45 करोड़ रुपये।
कम्युनिटी सेंटरों को जनउपयोगी केंद्र बनाने का प्रस्ताव।
अटावा, बढ़हेड़ी, बटरेला, बुड़ैल, सेक्टर-63, मलोया, पलसौरा, डड्डूमाजरा और कजहेड़ी में कचरा सेग्रीगेशन व उठान का एमओयू।
200 टन ड्राई वेस्ट प्लांट को ड्राई एंड वेट प्लांट में अपग्रेड करने के लिए आरएफपी।
गांव फैदां में वेस्टवॉटर ट्रीटमेंट प्लांट के लिए आरएफपी।
22 मिल्क बूथ साइटों का अलॉटमेंट, 11 वेरका और 11 वीटा।
इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 में 1.10 करोड़ से बूस्टर पंप की मरम्मत।
सेक्टर-41 में 1.69 करोड़ और सेक्टर-40ए में 71.14 लाख से नई पानी की लाइन।
सेक्टर-38 सी-डी मार्केट का 57.88 लाख से अपग्रेडेशन।
2.47 करोड़ से 10 स्टेनलेस स्टील वॉटर टैंकरों की खरीद।
सेक्टर-27सी की बैक सर्विस लेन पर 52.94 लाख से सीसी रोड।
सेक्टर-37 और 38 में 2.71 करोड़ से पाइपलाइन।
डोर-टू-डोर गारबेज कलेक्शन वाहनों की मेंटेनेंस।
सेक्टर-46 में 50.26 लाख से वी-4 रोड की मरम्मत।
भोग-रस्म पगड़ी के लिए मुफ्त कम्युनिटी सेंटर बुकिंग।
20 हजार लीटर मुफ्त पानी देने की सूचना संबंधी एजेंडा।
वार्ड डेवलपमेंट फंड से सीसीटीवी लगाने की नीति।
धोबीघाट में एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट के लिए आरएफपी।















