Himachal: बिजली सब्सिडी KYC में गड़बड़ी: एक कंज्यूमर आईडी पर जुड़े कई नाम

बिजली सब्सिडी मामला: 100 फीसदी केवाईसी के लिए एक ही कंज्यूमर आईडी में जोड़ दिए कई नाम, जांच में आईं गड़बड़ियां
हिंदी टीवी, शिमला। Published by: Megha Jain Updated Sat, 16 May 2026
बिजली बोर्ड की ओर से 100 फीसदी केवाईसी और राशन कार्ड लिंकिंग अभियान के दौरान बड़े स्तर पर डाटा गड़बड़ियां सामने आई हैं।
हिमाचल प्रदेश में घरेलू बिजली उपभोक्ताओं को दी जा रही सब्सिडी तकनीकी खामियों की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। बिजली बोर्ड की ओर से 100 फीसदी केवाईसी और राशन कार्ड लिंकिंग अभियान के दौरान बड़े स्तर पर डाटा गड़बड़ियां सामने आई हैं। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि कई उपभोक्ताओं की एक ही कंज्यूमर आईडी में कई नाम जोड़ दिए गए, जबकि कई मामलों में एक ही उपभोक्ता के नाम पर अलग-अलग राशन कार्ड दर्ज कर दिए गए। इससे हजारों पात्र उपभोक्ताओं की सब्सिडी रुक गई है और बिजली बिल बढ़ गए हैं।
बोर्ड के प्रबंध निदेशक आदित्य नेगी ने संबंधित अधिकारियों से डाटा एकत्रीकरण और सॉफ्टवेयर अपडेटिंग के दौरान हुई गलतियों पर विस्तृत स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही बिजली मीटरों की राशन कार्ड से लिंकिंग की पूरी प्रक्रिया की रिपोर्ट भी तलब की गई है। सरकार ने अप्रैल 2026 से एक परिवार को अधिकतम दो घरेलू बिजली मीटरों पर ही सब्सिडी देने का प्रावधान लागू किया है। इसका उद्देश्य वास्तविक जरूरतमंद उपभोक्ताओं तक राहत पहुंचाना था, लेकिन तकनीकी त्रुटियों के कारण पात्र उपभोक्ता भी सब्सिडी से वंचित हो रहे हैं। बोर्ड के दफ्तरों में इन दिनों शिकायतों की बाढ़ आ गई है। उपभोक्ता बढ़े हुए बिजली बिल और सब्सिडी बंद होने की शिकायत लेकर कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं।















