Himachal: Shimla से Chamba तक जंगलों में आग, घटनाएं दोगुनी बढ़ीं

HP Forest Fire: शिमला से चंबा तक धू-धू जल रहे जंगल, पिछले वर्ष के मुकाबले दोगुना बढ़ीं घटनाएं
हिंदी टीवी न्यूज , शिमला/धर्मशाला। Published by: Megha Jain Updated Fri, 29 May 2026
प्रदेश में जंगल धू-धू कर जल रहे हैं। राज्य में वनों में आग की घटनाएं पिछले साल के 111 से दोगुना से ज्यादा 258 पहुंची हैं।
हिमाचल प्रदेश में जंगल धू-धू कर जल रहे हैं। राज्य में वनों में आग की घटनाएं पिछले साल के 111 से दोगुना से ज्यादा 258 पहुंची हैं। इस वर्ष आग से वीरवार तक लगभग 81 लाख रुपये के नुकसान का आकलन है। कोटखाई में जंगल की आग से काली माता मंदिर जलकर राख हो गया। सोलन के जंगलों में लग रही आग का असर कालका-शिमला रेललाइन पर भी देखने को मिला। बुधवार को आग के चलते सनवारा के समीप दो रेलगाड़ियां करीब ढाई घंटा एक जगह खड़ी रहीं। रेलवे ट्रेक के आसपास आग लगने के कारण दोनों ट्रेनों को रोक दिया गया। इस दौरान रेलवे बोर्ड की टीमों के अलावा वन विभाग, अग्निशमन विभाग की टीमें मौके पर पहुंची और उन्होंने आग पर काबू पाया। जुखाला के मंगरोट जंगल में भी आग भड़क उठी। सोलन के डगशाई, देवठी और शमलेच के जंगल में भी आग की तेज लपटें उठीं। ऊना के बंगाणा उपमंडल की रागगढ़ धार रेंज में भी आग से नुकसान हुआ।
कोटखाई के शिलड़ू गांव के पास जंगल में भीषण आग लग गई। आग रिहायशी इलाके तक पहुंच गई थी। शिलड़ू गांव के पास जंगल के साथ स्थित काली माता मंदिर भी पूरी तरह जलकर राख हो गया। बिलासपुर के कई वन क्षेत्रों में बुधवार रात से लेकर भड़की आग ने भारी तबाही मचाई। आग की चपेट में आने से बहुमूल्य वन संपदा राख हो गई। जुखाला क्षेत्र के मंगरोट जंगल में बुधवार देर रात को अचानक आग भड़क उठी। वन विभाग की टीम ने आग पर काबू पा लिया।
जिला मुख्यालय सोलन और उसके आसपास के पहाड़ी इलाकों में भड़की जंगलों की आग थमने का नाम नहीं ले रही। बीते एक सप्ताह से जारी इस भीषण आग की चपेट में आने से कई जंगल धधके हैं। डगशाई, देवठी और शमलेच के जंगल में उठती तेज लपटें और धुआं दूर-दूर से देखा जा रहा है। वन विभाग के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, जिला मुख्यालय के करीब 125 हेक्टेयर वन भूमि पूरी तरह से आग की भेंट चढ़ चुकी है। ऊना जिले में करीब 25 हेक्टेयर जंगल आग की चपेट में आ चुके हैं। इससे एक पशुशाला आग की चपेट में आकर जलकर राख हो गई।















