हिमाचल: ताल सहकारी सभा में 2.46 करोड़ की गड़बड़ी, छह पर एफआईआर

एचपी: हमीरपुर की ताल कृषि सहकारी सभा में 2.46 करोड़ की गड़बड़ी, विजिलेंस ने छह पर की एफआईआर
हिंदी टीवी, शिमला। Published by: Megha Jain Updated Wed, 02 Sep 2026

हिंदी टीवी, शिमला। Published by: Megha Jain Updated Wed, 02 Sep 2026
राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने हमीरपुर की द ताल को-ऑपरेटिव एग्रीकल्चर सर्विस सोसायटी (कृषि सहकारी सभा) में एफडीआर से जुड़े रिकॉर्ड में कथित अनियमितताओं और वित्तीय गड़बड़ी के मामले में छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। जांच में सोसायटी के रिकॉर्ड और संबंधित बैंकों के अभिलेखों में भारी अंतर सामने आया है। आरोप है कि जाली एफडीआर और अन्य दस्तावेज तैयार कर उन पर फर्जी हस्ताक्षर किए गए और उन्हें वास्तविक दस्तावेज के तौर पर इस्तेमाल किया गया।
मामले में अजय पाल, अशोक शर्मा, यौवनलता, सुनील कुमार, रमेश शर्मा और सुरेश परमार को आरोपी बनाया गया है। इनमें सोसायटी के तत्कालीन सचिव के अलावा सहकारिता विभाग और अंकेक्षण व्यवस्था से जुड़े अधिकारी शामिल हैं। आरोप है कि संबंधित अंकेक्षण अधिकारियों ने सोसायटी के अभिलेखों का बैंक रिकॉर्ड से आवश्यक भौतिक सत्यापन नहीं किया और जाली दस्तावेजों के आधार पर अंकेक्षण रिपोर्ट तैयार की। विजिलेंस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 406, 420, 467, 468, 471 और 120-बी आईपीसी तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(1)(डी) सहपठित धारा 13(2) के तहत मामला दर्ज किया है।
विजिलेंस की जांच वर्ष 2011-12 से 2023-24 तक सोसायटी में जमा राशि और एफडीआर से संबंधित रिकॉर्ड पर केंद्रित रही। सोसायटी के रिकॉर्ड में दर्ज एफडीआर की संख्या और राशि का बैंकों के वास्तविक रिकॉर्ड से मिलान करने पर गंभीर वित्तीय अनियमितताएं सामने आईं। जांच रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2023-24 में सोसायटी के रिकॉर्ड में 5,17,62,690 रुपये की एफडीआर दर्ज थी, जबकि बैंक रिकॉर्ड में केवल 2,71,07,020 रुपये की एफडीआर का मिलान हुआ। इस तरह 2,46,55,670 रुपये का अंतर सामने आया, जिसे जांच रिपोर्ट में गबन या दुरुपयोग से जुड़ा बताया गया है।
जांच के दौरान रोकड़वही में नकद शेष और अमानत वापसी से संबंधित प्रविष्टियों की भी जांच की गई। रिपोर्ट के अनुसार इनका उचित रिकॉर्ड नहीं मिलने पर 72,35,768 रुपये की अतिरिक्त राशि सचिव से प्राप्तव्य पाई गई। इस राशि पर 24,65,567 रुपये ब्याज देय होने का भी उल्लेख है। जांच रिपोर्ट में सोसायटी को कुल 2,32,52,311 रुपये की शुद्ध वित्तीय हानि होने की बात कही गई है। हालांकि, एफआईआर में दर्ज विभिन्न आंकड़ों के आधार पर इस शुद्ध हानि की गणना स्पष्ट नहीं है। विजिलेंस के अनुसार एफडीआर प्रमाण-पत्रों पर लगी बैंक शाखा की मोहर और हस्ताक्षर भी वास्तविक बैंक अभिलेखों से मेल नहीं खाते पाए गए। आरोप है कि बैंक की जाली मोहर तैयार कर जाली एफडीआर और अन्य दस्तावेज बनाए गए और उनका वास्तविक दस्तावेजों के रूप में इस्तेमाल किया गया।
Hindi TV News Channel के साथ देखिये हिमाचल की सभी महत्वपूर्ण और बड़ी खबरें | Watch the latest Hindi news on the Himachal's Most subscribed Web News Channel on YouTube. Hindi TV News, हिमाचल का सर्वश्रेष्ठ हिंदी वेब न्यूज चैनल है। Hindi TV News हिमाचल राजनीति, मनोरंजन, व्यापार और खेल में नवीनतम समाचारों को शामिल करता है।

Hindi TV News Channel के साथ देखिये हिमाचल की सभी महत्वपूर्ण और बड़ी खबरें | Watch the latest Hindi news on the Himachal's Most subscribed Web News Channel on YouTube. Hindi TV News, हिमाचल का सर्वश्रेष्ठ हिंदी वेब न्यूज चैनल है। Hindi TV News हिमाचल राजनीति, मनोरंजन, व्यापार और खेल में नवीनतम समाचारों को शामिल करता है।