हिमाचल: पांच बीघा भूमि नियमितीकरण पर सुप्रीम कोर्ट का यथास्थिति आदेश

Himachal: सुप्रीम कोर्ट ने पांच बीघा भूमि को नियमित करने की नीति पर यथास्थिति रखने के दिए आदेश
हिंदी टीवी न्यूज़, शिमला। Published by: Megha Jain Updated Sat, 20 Sep 2025
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट की ओर से पांच बीघा भूमि नियमितीकरण नीति को असांविधानिक करार देते हुए रद्द करने वाले फैसले के खिलाफ अगली सुनवाई तक यथास्थिति को बनाए रखने के आदेश दिए हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट की ओर से पांच बीघा भूमि नियमितीकरण नीति को असांविधानिक करार देते हुए रद्द करने वाले फैसले के खिलाफ अगली सुनवाई तक यथास्थिति को बनाए रखने के आदेश दिए हैं। हिमाचल हाईकोर्ट ने 5 अगस्त को पूनम गुप्ता बनाम हिमाचल मामले में हिमाचल प्रदेश भू-राजस्व अधिनियम की धारा 163 ए को असांविधानिक करार देते हुए इसे रद्द कर दिया था। सुप्रीम कोर्ट में इसी फैसले को चुनौती दी गई है। यह याचिका सीपीआईएम के सचिव और हिमाचल किसान सभा के पूर्व महासचिव डॉ. ओंकार शाद की ओर से दायर की गई है। सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ के समक्ष यह मामला सूचीबद्ध था। याचिकाकर्ता की ओर से बताया कि 16 सितंबर को एसएलपी (सी) दायर की गई थी।














