फर्जी गोदनामा रद्द, आठ वर्षीय बच्ची जैविक माता-पिता के संरक्षण में

फर्जी गोदनामा रद्द: जैविक माता-पिता के संरक्षण में रहेगी आठ वर्षीय बच्ची, कालका कोर्ट का अहम फैसला
हिंदी टीवी न्यूज, पंचकूला। Published by: Megha Jain Updated Thu, 30 Jul 2026
कालका निवासी एक महिला ने अपनी नाबालिग बेटी के कथित फर्जी गोदनामे को चुनौती देते हुए अदालत में याचिका दायर की। महिला ने अदालत को बताया कि वर्ष 2018 में उनसे कुछ दस्तावेजों पर यह कहकर हस्ताक्षर कराए गए थे कि बच्ची को न्यूजीलैंड में बेहतर शिक्षा दिलाने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
कालका की सिविल कोर्ट ने अंतरदेशीय (इंटर-कंट्री) गोद लेने से जुड़े एक अहम मामले में वर्ष 2018 में पंजीकृत गोदनामा (एडॉप्शन डीड) को अवैध घोषित करते हुए रद्द कर दिया है।
अदालत ने संज्ञान लिया कि न्यूजीलैंड की बाल कल्याण एजेंसी ने मार्च 2022 में इस गोद लेने की प्रक्रिया को अस्वीकार कर दिया था। एजेंसी की रिपोर्ट में दंपती की परिस्थितियों को बच्ची के पालन-पोषण के लिए उपयुक्त नहीं माना गया था।















