HP हाईकोर्ट: पंचायत पुनर्गठन मामले में चुनाव आयोग बना प्रतिवादी

HP High Court: पंचायतों के पुनर्गठन, विलय मामले में राज्य चुनाव आयोग को बनाया प्रतिवादी; जानें पूरा मामला
हिंदी टीवी न्यूज, शिमला। Published by: Megha Jain Updated Wed, 24 Mar 2026
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने हिमाचल प्रदेश राज्य चुनाव आयोग को प्रतिवादी के रूप में शामिल करने के निर्देश दिए हैं।
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने मंगलवार को ग्राम पंचायत घुरट के विभाजन और नई ग्राम सभा के गठन को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई की। न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए हिमाचल प्रदेश राज्य चुनाव आयोग को इस याचिका में प्रतिवादी के रूप में शामिल करने के निर्देश दिए हैं। राज्य सरकार की ओर से अदालत को बताया गया कि नई ग्राम सभा का गठन और पंचायतों का पुनर्गठन कानून के प्रावधानों के तहत ही किया गया है।
इसके समर्थन में उपायुक्त शिमला की ओर से प्राप्त दस्तावेज भी अदालत में पेश किए गए। अदालत ने पाया कि सरकार की ओर से पेश किए गए दस्तावेजों में इस बात की स्पष्ट जानकारी नहीं है कि पंचायतों के पुनर्गठन या विभाजन का प्रस्ताव वास्तव में कहां से शुरू हुआ था। इस पर सरकार ने विस्तृत रिकॉर्ड पेश करने के लिए समय की मांग, जिसे अदालत ने स्वीकार कर दिया। गौरतलब है कि पंचायत के पुनर्गठन और विलय को लेकर कई याचिकाएं दायर की गई है। इन सभी याचिकाओं पर न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर और न्यायाधीश रंजन शर्मा की खंडपीठ बुधवार को एक साथ सुनवाई करेगी।















