हिमाचल: NLU शिमला में नए छात्रावास बनेंगे, कम वोल्टेज की समस्या दूर होगी

हिमाचल: एनएलयू शिमला में बनेंगे नए छात्रावास, कम वोल्टेज की समस्या भी होगी दूर; सीएम सुक्खू ने दिए ये निर्देश
हिंदी टीवी न्यूज, शिमला, Published by: Megha Jain Updated Fri, 11 Sep 2026
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, शिमला की विभिन्न समस्याओं की समीक्षा की। उन्होंने विश्वविद्यालय के मौजूदा बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए सरकार की ओर से सहायता देने का आश्वासन दिया।
हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, शिमला के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और छात्रों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाने की दिशा में सरकार ने पहल की है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने गुरुवार देर शाम विश्वविद्यालय के विभिन्न मुद्दों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विश्वविद्यालय के मौजूदा बुनियादी ढांचे को मजबूत करने में सहायता करेगी, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
बैठक में मुख्यमंत्री ने गर्ल्स हॉस्टल की चारदीवारी के साथ कांटेदार तार की बाड़ लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छात्राओं की सुरक्षा और परिसर में सुरक्षित वातावरण बनाए रखना प्राथमिकता है। इस कदम से छात्रावास की सीमा को अधिक सुरक्षित बनाने में मदद मिलेगी।
विश्वविद्यालय परिसर में कम वोल्टेज की समस्या को दूर करने के लिए मुख्यमंत्री ने नया ट्रांसफार्मर लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने हॉस्टल के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन को भी शिफ्ट करने को कहा। इसके अलावा परिसर में बिजली की ओवरहेड तारों को भूमिगत करने के लिए पर्याप्त धन उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया। इससे विद्यार्थियों और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने जल शक्ति विभाग को विश्वविद्यालय परिसर में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित करने के लिए उपयुक्त स्थान की पहचान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में पेयजल की कमी को दूर करने के लिए सरकार पर्याप्त धन उपलब्ध करवाएगी। बैठक में बुनियादी सुविधाओं से जुड़े इन मुद्दों के समाधान पर विशेष जोर दिया गया।
कुलपति ने जताया आभार
हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, शिमला की कुलपति प्रो. प्रीति सक्सेना ने विश्वविद्यालय की लंबे समय से लंबित समस्याओं के समाधान पर विशेष ध्यान देने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
बैठक में हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति गुरमीत सिंह संधवालिया, महाधिवक्ता अनुप रतन, मुख्य सचिव केके पंत, प्रधान सचिव देवेश कुमार, शिक्षा सचिव राकेश कंवर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।















